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ग्वालियर। ग्वालियर के शिवानी नगर में एक शादी समारोह उस वक्त अखाड़े में बदल गया, जब हवन की लकड़ी तोड़ने की छोटी सी बात पर दूल्हा और दुल्हन पक्ष आपस में भिड़ गए। मंडप में जमकर जूतम-पैजार हुई और शादी की खुशियां हंगामे में बदल गईं। सूचना पर पहुंची पुलिस ने मारपीट कर रहे वर-वधू पक्ष के 4 लोगों को हिरासत में लिया है। वहीं पुलिस ने दोनों पक्षों पर मारपीट और शांति भंग करने की धाराओं में मामला दर्ज आगे की कार्रवाई शुरू कर दी है।
दअरसल, ग्वालियर के पुरानी छावनी थाना क्षेत्र के मोती झील पर रहने वाले सतीश पाल की चचेरी बहन की शादी की रस्में चल रही थीं। बारात की अगवानी के बाद फेरों की तैयारी थी। मंडप में पंडितजी ने दूल्हे के मौसेरे भाई विशाल से हवन के लिए लकड़ी तोड़ने को कहा। विशाल ने लकड़ी तोड़ने की कोशिश लेकिन वह लकड़ी नहीं तोड़ पाया तो पंडितजी ने मजाक में कह दिया कि जब एक छोटी लकड़ी नहीं तोड़ पाए तो जिंदगी में क्या करोगे।
इस छोटे से कमेंट पर विशाल ने सबके सामने पंडितजी से अभद्रता शुरू कर दी। जब घराती पक्ष ने उसे चुप कराने की कोशिश की तो कहासुनी के बाद. बात मारपीट में बदल गई। देखते ही देखते मंडप में कुर्सियां चलीं और दोनों पक्ष एक दूसरे से भिड़ गए। दुल्हन और महिलाएं घबरा गईं। कुछ देर के लिए शादी की रस्में रुक गईं। विशाल का कहना है कि वधू पक्ष के अंकित बघेल, गोलू और सौरभ ने उसे पीटा है।
हंगामे की सूचना मिलते ही पुलिस की टीम शादी के मंडप में पहुंची। पुलिस ने बीच-बचाव कर दोनों पक्षों के उपद्रवियों को अलग किया और 4 लोगों को थाने ले आई। पुलिस का कहना है कि मारपीट और शांति भंग करने की धाराओं में मामला दर्ज किया गया है। वहीं पुलिस की समझाइश के बाद देर रात शादी की रस्में फिर शुरू हुईं।

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छेड़छाड़ पर तालिबानी फैसला: आरोपी को पेड़ से बांधकर मूंछ-भौंहें काटीं, जूतों की पहनाई माला
नीमच। मध्य प्रदेश के नीमच जिले के मांगरोल चक गांव में एक छेड़छाड़ के मामले ने पूरे इलाके में सनसनी फैला दी है। मदन बंजारा नामक युवक पर आरोप है कि उसने गांव की एक विधवा महिला के घर में घुसकर उसके साथ जबरदस्ती करने की कोशिश की। महिला और उसके बेटे ने साहस दिखाते हुए आरोपी को पकड़ लिया।
इसके बाद गुस्साए ग्रामीणों ने आरोपी को पेड़ से बांध दिया। उन्होंने आरोपी के सिर के बाल काट दिए, मूंछें-भौंहें साफ कर दीं, जूतों की माला पहनाई और पूरे गांव में घुमाकर सजा दी।घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। पुलिस इस मामले में जांच कर रही है। ग्रामीणों का कहना है कि महिला की सुरक्षा और सम्मान के लिए उन्होंने यह कदम उठाया, जबकि कानूनी रूप से ऐसे कृत्यों की निंदा भी की जा रही है।
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जयारोग्य अस्पताल में लापरवाही: महिला की ECG रिपोर्ट पर पुरुष का इलाज, गलत रिपोर्ट से शख्स की मौत
ग्वालियर। मध्य प्रदेश के ग्वालियर के जयारोग्य अस्पताल में महिला की ECG रिपोर्ट पर पुरुष का इलाज कर दिया,जिसके चलते पुरुष मरीज की मौत हो गयी,एक बेटी ने अस्पताल प्रशासन और डॉक्टरों पर गंभीर आरोप लगाते हुए यह दावा किया है कि गलत मेडिकल रिपोर्ट के आधार पर इलाज करने से उसके पिता की मौत हो गई,रागिनी जाधव नाम की युवती ने अब न्याय और जांच की मांग को लेकर मध्यप्रदेश के मुख्यमंत्री से गुहार लगाई है,उसका कहना है कि कोई उनकी पुकार नही सुन रहा है,अब सिर्फ मुख्यमंत्री मामा डॉ मोहन यादव जी पर ही भरोसा है।
दरअसल यह पूरा मामला बीती 18 अप्रैल 2026 का है,जब गुढ़ा लश्कर क्षेत्र के रहने वाले दिलीप जाधव को घबराहट होने पर JAH अस्पताल के ट्रामा सेंटर में भर्ती कराया गया था,परिजनों का आरोप है कि भर्ती के बाद डॉक्टरों ने ECG जांच करवाई, लेकिन रिपोर्ट में किसी अन्य महिला का नाम और उम्र प्रिंट थी। हैरानी की बात यह है कि डॉक्टरों ने इस गंभीर गलती को नजरअंदाज कर उसी गलत रिपोर्ट के आधार पर इलाज शुरू कर दिया,जिससे कुछ समय बाद मरीज की हालत बिगड़ती गई,डॉक्टर्स ने मरीज को मिर्गी आने की बात कहकर न्यूरोलॉजी डिपार्टमेंट लें जाने के लिए कहा,लेकिन जब तक वह पहुँचते मरीज ने एम्बुलेंस में ही दम तोड़ दिया। जिसे बाद में अस्पताल द्वारा ‘हार्ट अटैक’ बताया गया।
मृतक अपने घर का इकलौते कमाने वाले सदस्य था,उन पर उनके तीन बच्चों के अलावा एक नेत्रहीन चाचा और मानसिक रूप से दिव्यांग बुआ की जिम्मेदारी भी थी,ऐसे में अब मृतक की बेटी रागिनी और हलचल जाधव अस्पताल द्वारा दी गयी गलत ECG रिपोर्ट और रिकॉर्ड के साथ न्याय की आस में भटक रहे है। उनका कहना है कि यह केवल एक गलती नहीं बल्कि अस्पताल प्रशासन, लैब टेक्नीशियन और संबंधित डॉक्टरों की घोर लापरवाही है। अगर समय पर सही रिपोर्ट आती और सही इलाज मिलता, तो उनके पिता की जान बचाई जा सकती थी।
पीड़ित बेटियों ने मध्यप्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ मोहन यादव से गुहार लगाई है,उनका कहना है कि अब उन्हें सिर्फ डॉ मोहन यादव जो कि लाडली बहनो के भाई है,यानी उनके मामा है,सिर्फ उन्हीं पर भरोसा है। मामा डॉ मोहन यादव जी से उन्होंने अब इस पूरे मामले की उच्च स्तरीय निष्पक्ष जांच, दोषी डॉक्टरों के खिलाफ सख्त कार्रवाई और आर्थिक सहायता की मांग की है। बहरहाल इस घटना ने एक बार फिर सरकारी अस्पतालों की कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए।

इंदौर के हीरानगर में हुए सुरेंद्र साहू हत्याकांड के फरार आरोपियों पर आखिरकार पुलिस ने शिकंजा कस दिया। वारदात के बाद फरारी काट रहे दोनों आरोपी कानून से बचने के लिए सैकड़ों किलोमीटर दूर भागे, लेकिन उनकी चालाकी एक सतर्क पड़ोसी के सामने टिक नहीं सकी। सूचना मिलते ही पुलिस ने घेराबंदी कर दोनों को धर दबोचा।
पुलिस के मुताबिक आरोपी आशीष राजपूत और आकाश वारदात के बाद सागर जिले के ग्राम बिनाका में अपने मामा के घर जाकर छिपे हुए थे। खुद को सुरक्षित समझ रहे इन आरोपियों ने वहीं अपने ‘गुनाह’ की कहानी बयां कर दी। मामा के पूछने पर आशीष ने कबूल किया कि उसके साथियों ने इंदौर में हत्या कर दी है और वह बचने के लिए यहां भागकर आया है। लेकिन यही ‘बेखौफ कबूलनामा’ उनके लिए फांसी का फंदा बन गया।
आरोपियों की बातचीत एक पड़ोसी ने सुन ली और बिना देर किए पुलिस को सूचना दे दी। बस फिर क्या था। पुलिस ने तत्काल एक्शन लेते हुए मौके पर दबिश दी। टीम का नेतृत्व कर रहे थाना प्रभारी सुशील पटेल अपनी टीम के साथ मौके पर पहुंचे तो आरोपियों के होश उड़ गए। पुलिस को देखते ही दोनों आरोपी भागने लगे, लेकिन किस्मत ने उनका साथ नहीं दिया। भागते-भागते दोनों गिर पड़े और पुलिस ने मौके पर ही उन्हें दबोच लिया। इसके बाद कड़ी सुरक्षा में दोनों को इंदौर लाया गया।
पुलिस ने साफ किया है कि इस सनसनीखेज हत्याकांड में शामिल सभी आरोपियों को अब गिरफ्तार कर लिया गया है। पूरी कार्रवाई पुलिस कमिश्नर संतोष कुमार सिंह के निर्देश पर की गई। ऑपरेशन में एसीपी रूबिना मिजवानी, टीआई सियाराम गुर्जर और हीरानगर पुलिस की टीम लगातार जुटी रही।
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बंद आरटीओ चेक पोस्ट फिर होगें चालू, हाईकोर्ट ने राज्य सरकार को 30 दिन में चेक पोस्ट शुरू करने के दिए आदेश
जबलपुर. एमपी में बंद आरटीओ के चेक पोस्ट फिर से चालू होंगे. हाईकोर्ट जस्टिस विशाल मिश्रा की कोर्ट ने जनहित याचिका पर सुनवाई करते हुए यह बड़ा फैसला सुनाया है. दलील दी गई है कि भारी वाहनों की जांच और हादसों को रोकने के लिए सड़कों पर चेक पोस्ट जरूरी हैं.
हाईकोर्ट ने राज्य सरकार को आदेश दिए हैं कि 30 दिनों के भीतर सभी चेक पोस्ट शुरू करें. मध्यप्रदेश में 30 जून 2024 से आरटीओ चेक पोस्ट बंद कर दिए थे. इसी मामले में रजनीश त्रिपाठी ने याचिका दायर की थी. गौरतलब है कि सीएम मोहन यादव के निर्देश पर 1 जुलाई 2024 को प्रदेश भर के चेक पोस्ट परिवहन विभाग ने बंद कर दिए थे. याचिकाकर्ता राजनीश त्रिपाठी त्रिपाठी ने मप्र परिवहन विभाग के अपर मुख्य सचिव आईएएस मनीष सिंह एवं अन्य के विरुद्ध 2025 में लगाई थी.
याचिकाकर्ता की ओर से पैरवी अधिवक्ता जुबिन प्रसाद एवं भानु प्रकाश ने एवं शासन की ओर से अंजली मिश्रा ने की. याचिका का हाईकोर्ट ने निराकण करते हुए सरकार को आदेश दिया कि विभागीय अधिकारी वाहनों में ओवरलोडिंग की जांच हेतु अन्य तरीकों को अपनाने के लिए स्वतंत्र हैं, परंतु इस न्यायालय के समक्ष दी गई वचनबद्धताओं का पालन किया जाना अनिवार्य है.
अदालत ने अपने आदेश में स्पष्ट किया है कि 30 दिन का समय चेक पोस्ट पुन: स्थापित करने के लिए दिया है. यदि इस आदेश की प्रमाणित प्रति प्राप्त होने की तारीख से 30 दिनों के भीतर आदेश का पालन नहीं किया जाता तो याचिकाकर्ता अवमानना याचिका लगाकर इस याचिका को पुनर्जीवित कर सकता है. जस्टिस विशाल मिश्रा ने आदेश में स्पष्ट किया है कि यदि न्यायालय में दिए गए वचन का पालन नहीं किया जाता है, तो न्यायालय द्वारा पारित आदेश की अवहेलना मानी जाएगी. अधिकारियों द्वारा पूर्व में चेक पोस्ट बंद करने के संबंध में जारी आदेश को न्यायालय ने 4 सितंबर 2018 के आदेश से स्थगित कर दिया था.
विभागीय अधिकारियों द्वारा प्रस्तुत जवाबों को कोर्ट ने संतोषजनक नहीं माना. न्यायालय ने कहा कि यह कृत्य इस न्यायालय द्वारा पारित आदेश और प्रतिवादियों द्वारा दी गई वचनबद्धता की अवहेलना के समान है. हालांकि न्यायालय ने प्रतिवादी अधिकारियों के विरुद्ध दंडात्मक निर्देश जारी नहीं किया. कोर्ट ने कहा कि मध्यप्रदेश की सीमा से सटे दूसरे राज्यों से आने-जाने वाले वाहनों की जांच की जाए. क्षमता से अधिक भार और ऊंचाई (ओवर वेट-ओवर लोड) सहित अन्य कमियों वाहे प्रत्येक वाहन को रोककर जांच की जाएगी. कमियां मिलने पर नियमानुसार चालानी कार्रवाई की जाए.
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तेंदुए का कहर: गांव में घुसकर 4 लोगों पर हमला, दहशत में घरों में दुबके ग्रामीण
धार जिले के एक छोटे से गांव में अचानक ऐसा मंजर बना, जिसे देखकर हर कोई सहम गया। जंगल से निकलकर एक तेंदुआ सीधे रिहायशी इलाके में पहुंच गया। कुछ ही पलों में गांव का माहौल बदल गया और हर तरफ डर का साया छा गया।
जंगली जानवरों का आबादी वाले इलाकों में आना अब आम होता जा रहा है। लेकिन जब ऐसा होता है, तो हालात बेहद खतरनाक हो जाते हैं। धार में हुई यह घटना भी कुछ ऐसी ही रही, जहां लोगों को अपनी जान बचाने के लिए घरों में छिपना पड़ा।
यह घटना धामनोद वन परिक्षेत्र के गुजरी गांव की डेहरिया बस्ती की है। मंगलवार को अचानक एक तेंदुआ झाड़ियों से निकलकर बस्ती में घुस आया। किसी को संभलने का मौका भी नहीं मिला। तेंदुए ने सामने आए लोगों पर हमला करना शुरू कर दिया। धार तेंदुआ हमला इतनी तेजी से हुआ कि लोग समझ ही नहीं पाए कि क्या हो रहा है।
इस हमले में चार लोग घायल हो गए। घायलों में महेश वास्केल, ग्यारसीलाल सोलंकी, कांताबाई राठौड़ और विकास डावर शामिल हैं। घटना के बाद सभी को तुरंत प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र गुजरी में भर्ती कराया गया। वहां उनका इलाज जारी है। इस दौरान वन विभाग का एक कर्मचारी भी घायल हो गया, जिससे स्थिति और गंभीर हो गई।
तेंदुए के हमले के बाद पूरे गांव में डर फैल गया। लोगों ने तुरंत अपने घरों के दरवाजे बंद कर लिए। बच्चे और बुजुर्ग सबसे ज्यादा सहमे हुए नजर आए। हर कोई अपनी सुरक्षा को लेकर चिंतित था। धार तेंदुआ हमला के बाद गांव में सन्नाटा छा गया।
घटना की सूचना मिलते ही वन विभाग और पुलिस मौके पर पहुंची। पूरे इलाके को घेर लिया गया। तेंदुए को पकड़ने के लिए रेस्क्यू ऑपरेशन शुरू किया गया। टीम लगातार सर्चिंग कर रही है। हालांकि, खबर लिखे जाने तक तेंदुआ पकड़ में नहीं आया है।
वन विभाग ने लोगों से अपील की है कि वे बिना जरूरत घर से बाहर न निकलें। खासकर अकेले खेत या जंगल की ओर जाने से बचें। गांव में माइकिंग कर लोगों को सतर्क किया जा रहा है। हर तरफ निगरानी बढ़ा दी गई है।

एनआईए की स्पेशल कोर्ट (NIA Special Court) ने 2023 के बेंगलुरु जेल में कट्टरपंथी बनाने की साजिश के मामले में बड़ा फैसला सुनाया है। NIA की स्पेशल कोर्ट ने बेंगलुरु जेल में कट्टरपंथी बनाने की साजिश में टी नसीर समेत लश्कर-ए-तैयबा (Lashkar-e-Taiba) से जुड़े 7 आतंकियों को 7 साल की कैद की सजा सुनाई है। साथ ही 48 हजार रुपये जुर्माना भी लगाया है। मामले में टी नसीर के अलावा सैयद सुहैल खान, मोहम्मद उमर, जाहिद तबरेज़, सैयद मुदस्सिर पाशा, मोहम्मद फैसल रब्बानी और सलमान खान को सजा दी गई है।
जांच एजेंसी के मुताबिक, यह मामला लश्कर-ए-तैयबा (LET) से जुड़ी आतंकी साजिश का है, जिसे बेंगलुरु की पराप्पना अग्रहारा सेंट्रल जेल के अंदर रचा गया था। साजिश के तहत जेल में बंद युवाओं की पहचान कर उनकी भर्ती, ट्रेनिंग और कट्टरपंथी बनाने की योजना बनाई गई थी, ताकि उन्हें भारत में आतंकी गतिविधियों के लिए इस्तेमाल किया जा सके।
जांच में यह भी सामने आया कि आरोपी बेंगलुरु शहर में आतंकी हमले की तैयारी कर रहे थे और प्रतिबंधित संगठन के एंटी-इंडिया एजेंडे को आगे बढ़ाने की योजना बना रहे थे। यह मामला सबसे पहले जुलाई 2023 में बेंगलुरु सेंट्रल क्राइम ब्रांच (सीसीबी) ने दर्ज किया था, जब कुछ अपराधियों के पास से हथियार, गोला-बारूद और डिजिटल डिवाइस बरामद किए गए थे। बाद में जांच एनआईए को सौंप दी गई थी।
एनआईए की जांच में एक और बड़ी साजिश का खुलासा हुआ था। इसमें टी. नसीर को जेल से कोर्ट ले जाते समय फरार कराने की योजना बनाई गई थी। नसीर 2008 बेंगलुरु सीरियल ब्लास्ट मामले में पहले से ही आरोपी था। इस केस में एनआईए ने कुल 11 आरोपियों और एक फरार आरोपी जुनैद अहमद के खिलाफ चार्जशीट दाखिल की थी। इनमें से सलमान खान को रवांडा से प्रत्यर्पित कर भारत लाया गया था। फिलहाल फरार आरोपी जुनैद अहमद की तलाश जारी है।
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RBI ने खत्म किया OTP का झंझट! ₹15,000 तक ई-मैंडेट आसान, 24 घंटे पहले मिलेगा अलर्ट
डिजिटल पेमेंट को और आसान बनाने के लिए RBI ने ऑटो-डेबिट (ई-मैंडेट) नियमों में बड़ा बदलाव किया है। अब ₹15,000 तक के रीकरींग पेमेंट (हर महीने होने वाले भुगतान) पर हर बार OTP डालने की जरूरत नहीं होगी। इस फैसले से SIP, इंश्योरेंस प्रीमियम, क्रेडिट कार्ड बिल और OTT सब्सक्रिप्शन जैसे पेमेंट्स पहले से ज्यादा आसान हो जाएंगे।
क्या बदला है नए नियम में
नए नियम के मुताबिक अगर आपने एक बार ऑटो-डेबिट को मंजूरी दे दी है तो ₹15,000 तक की राशि के लिए हर महीने अलग से OTP की जरूरत नहीं पड़ेगी। इससे बार-बार होने वाले पेमेंट बिना रुकावट अपने आप प्रोसेस हो सकेंगे। यह नियम UPI ऑटोपे, डेबिट और क्रेडिट कार्ड और प्रीपेड वॉलेट जैसे सभी डिजिटल पेमेंट सिस्टम पर लागू होगा।
बड़े पेमेंट पर जरूरी रहेगा वेरिफिकेशन
अगर ट्रांजैक्शन ₹15,000 से ज्यादा का होगा, तो बैंक दोबारा ऑथेंटिकेशन (OTP या अन्य वेरिफिकेशन) मांगेगा। यानी बड़े अमाउंट के लिए आपकी मंजूरी पहले की तरह जरूरी रहेगी।
कुछ कैटेगरी के लिए ₹1 लाख तक छूट
RBI ने इंश्योरेंस प्रीमियम, म्यूचुअल फंड SIP और क्रेडिट कार्ड बिल पेमेंट जैसी खास कैटेगरी के लिए लिमिट बढ़ाकर ₹1 लाख तक कर दी है। यानी इन पेमेंट्स में तय शर्तों के तहत ज्यादा अमाउंट भी बिना बार-बार OTP के हो सकेगा।
24 घंटे पहले मिलेगा अलर्ट
हर ऑटो-डेबिट ट्रांजैक्शन से पहले बैंक या पेमेंट कंपनी आपको 24 घंटे पहले SMS या ईमेल के जरिए जानकारी देगी। इसमें बताया जाएगा कि कितनी रकम कटेगी और किस सर्विस के लिए कटेगी।
पेमेंट फेल होने की समस्या होगी कम
अक्सर OTP मिस होने की वजह से पेमेंट फेल हो जाते थे, जिससे पेनल्टी या सर्विस बंद होने जैसी दिक्कतें आती थीं। नए नियम के बाद यह समस्या काफी हद तक खत्म हो जाएगी।
यूजर के पास रहेगा पूरा कंट्रोल
आप कभी भी अपना ई-मैंडेट बंद कर सकते हैं
किसी खास ट्रांजैक्शन को 24 घंटे पहले ‘Opt-out’ करके रोक सकते हैं
अमाउंट, तारीख या वैलिडिटी बदलने पर दोबारा ऑथेंटिकेशन जरूरी होगा
फिक्स्ड और वैरिएबल दोनों तरह के मैंडेट सेट कर सकते हैं
कोई अतिरिक्त चार्ज नहीं
RBI ने साफ किया है कि ई-मैंडेट सुविधा के लिए ग्राहकों से कोई अतिरिक्त शुल्क नहीं लिया जाएगा। साथ ही किसी विवाद या गलत ट्रांजैक्शन की स्थिति में शिकायत और समाधान की व्यवस्था भी उपलब्ध रहेगी।
इस बदलाव का सबसे बड़ा फायदा यह है कि अब छोटे-छोटे मासिक पेमेंट्स के लिए बार-बार OTP डालने की जरूरत नहीं पड़ेगी। इससे डिजिटल पेमेंट तेज, आसान और ज्यादा भरोसेमंद बनेंगे।
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पीएम मोदी को आतंकवादी कहने पर फंसे कांग्रेस प्रमुख, EC का चला चाबुक, जारी किया कारण बताओ नोटिस
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को कांग्रेस प्रमुख मल्लिकार्जुन खरगे द्वारा आतंकवादी कहे जाने का मामला तूल पकड़ लिया है. चुनाव आयोग ने एक्शन लेते हुए मल्लिकार्जुन खरगे को नोटिस जारी कर जवाब मांगा है. इससे खरगे मुश्किलें बढ़ती नजर अ रही है. चुनाव आयोग के अधिकारी ने कहा है कि आयोग ने कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे द्वारा प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को आतंकवादी कहे जाने का गंभीर रूप से संज्ञान लिया है और कारण बताओ नोटिस जारी किया है.
तमिलनाडु में पीएम मोदी को आतंकवादी कहना कांग्रेस प्रमुख मल्लिकार्जुन खरगे के लिए भारी पड़ गया। चुनाव आयोग ने ऐक्शन लेते हुए कारण बताओ नोटिस जारी करके जवाब मांगा है।
चुनाव आयोग ने यह कार्रवाई बुधवार (22 अप्रैल) के दिन में भारतीय जनता पार्टी (BJP) के एक उच्च स्तरीय प्रतिनिधिमंडल, जिसमें केंद्रीय वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण, संसदीय कार्य मंत्री किरेन रिजिजू और कानून मंत्री अर्जुन राम मेघवाल शामिल थे, की ओर से की गई शिकायत के बाद की है. प्रतिनिधिमंडल ने चुनाव आयोग से कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे के विवादित बयान पर सख्त कार्रवाई की मांग की.
चुनाव आयोग ने बुधवार (22 अप्रैल, 2026) को कांग्रेस पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को आतंकवादी कहने वाले बयान पर चेतावनी जारी की है. चुनाव आयोग ने कांग्रेस अध्यक्ष से प्रधानमंत्री को लेकर की गई विवादित टिप्पणी पर 24 घंटों में जवाब मांगा है.
कांग्रेस पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे ने मंगलवार (21 अप्रैल, 2026) को तमिलनाडु की राजधानी चेन्नई में एक प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को लेकर एक बयान दिया. उन्होंने AIADMK की आलोचना करते हुए पीएम मोदी को आतंकवादी करार दिया. हालांकि, उन्होंने अपने बयान को लेकर बाद में सफाई भी दी थी, लेकिन पीएम को आतंकी कहने से एक बड़ा राजनीतिक विवाद खड़ा हो गया.
खरगे के बयान के बाद भारतीय जनता पार्टी (BJP) भड़क गई है. बीजेपी ने कांग्रेस और मल्लिकार्जुन खरेग की कड़ी निंदा करते हुए इसे न सिर्फ पीएम मोदी का, बल्कि 142 करोड़ भारतीयों का भी अपमान कहा है. चुनाव आयोग ने कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे से विवादित टिप्पणी पर 24 घंटों में जवाब मांगा है.

सतना शहर में सोमवार शाम एक ऐसा मामला सामने आया, जिसने पूरे इलाके में सनसनी फैला दी। एक युवक अपनी प्रेमिका को भगाने के इरादे से दूर दिल्ली से आया था, लेकिन उसकी योजना बीच रास्ते में ही फेल हो गई। इसके बाद जो हुआ, उसने हर किसी को चौंका दिया। प्रेम संबंधों के मामले कई बार अचानक बड़ा रूप ले लेते हैं। इस घटना में भी ऐसा ही हुआ। जैसे ही युवक को पकड़ा गया, माहौल तनावपूर्ण हो गया और देखते ही देखते लोगों का गुस्सा फूट पड़ा।
यह पूरा मामला सतना के कोलगवां थाना क्षेत्र के आदर्श नगर नई बस्ती का है। यहां श्रवण कुमार नाम का युवक अपनी प्रेमिका को लेकर भागने आया था। बताया जा रहा है कि युवक उत्तर प्रदेश के गोंडा जिले का रहने वाला है और दिल्ली में काम करता है। उसका स्थानीय युवती से लंबे समय से प्रेम संबंध चल रहा था। जैसे ही युवक प्रेमिका के साथ भागने की कोशिश कर रहा था, तभी परिजनों को इसकी भनक लग गई। इसके बाद दोनों को मौके पर ही पकड़ लिया गया।
युवक के पकड़े जाने के बाद माहौल अचानक गर्म हो गया। परिजन और मोहल्ले के लोग गुस्से में आ गए। इसके बाद युवक की जमकर पिटाई की गई। इतना ही नहीं, उसे रस्सी से खंभे में बांध दिया गया। यह पूरा घटनाक्रम वहां मौजूद लोगों के बीच चर्चा का विषय बन गया। लोगों ने इस घटना को लेकर अलग-अलग प्रतिक्रिया दी। कुछ ने इसे गलत बताया, तो कुछ ने इसे भावनाओं का उबाल कहा।
जानकारी के अनुसार, यह पहली बार नहीं था जब दोनों भागने की कोशिश कर रहे थे। इससे पहले भी दोनों एक बार घर से भाग चुके थे। उस समय पुलिस की मदद से युवती को वापस लाया गया था। लेकिन इसके बाद भी दोनों के बीच संपर्क बना रहा। यही वजह रही कि युवक दोबारा सतना पहुंच गया। हालांकि, इस बार उसकी योजना सफल नहीं हो सकी।
घटना की सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची। पुलिस ने युवक को खंभे से छुड़ाकर अपने साथ थाने ले गई। इसके साथ ही दोनों पक्षों को भी पूछताछ के लिए बुलाया गया। पुलिस ने पूरे मामले को शांत कराने की कोशिश की। इस दौरान स्थिति को नियंत्रण में लाया गया और आगे की कार्रवाई शुरू की गई।
पुलिस के अनुसार, युवती बालिग है और उसने युवक के खिलाफ कोई शिकायत दर्ज नहीं कराई है। इसी वजह से फिलहाल युवक के खिलाफ कोई केस दर्ज नहीं किया गया। हालांकि, पुलिस पूरे मामले की जांच कर रही है। यह देखा जा रहा है कि कहीं कोई कानून का उल्लंघन तो नहीं हुआ।

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बारातियों से भरे वाहन को टैंकर ने मारी टक्कर, पांच लोगों की मौत
बड़वानी। खंडवा-बड़ौदा हाईवे खरगोन-बड़वानी रोड पर जुलवानिया टोल प्लाजा के पास मंगलवार दोपहर को एक भीषण सड़क हादसे में पांच बारातियों की मौत हो गई। इस दुर्घटना में तीन अन्य लोग गंभीर रूप से घायल हो गए। सभी मृतक और घायल राजपुर क्षेत्र में आई एक बारात में शामिल होने के बाद लौट रहे थे।
पुलिस के अनुसार जलगौन से बारात राजपुर आई हुई थी। बारात में शामिल एक चार पहिया वाहन का डीजल खत्म हो गया था। वाहन में सवार युवक डीजल लेने के लिए जुलवानिया गए थे।
डीजल लेकर वापस राजपुर की ओर लौटते समय जुलवानिया टोल प्लाजा के पास खरगोन की तरफ से आ रहे एक तेज रफ्तार टैंकर ने उनकी कार को सामने से जोरदार टक्कर मार दी।
टक्कर इतनी भीषण थी कि कार बुरी तरह क्षतिग्रस्त हो गई। हादसे में तीन युवकों की मौके पर ही मृत्यु हो गई। सूचना मिलते ही जुलवानिया थाना पुलिस मौके पर पहुंची।
स्थानीय लोगों की मदद से कार में फंसे लोगों को बाहर निकाला। सभी चार घायलों को तत्काल 108 एंबुलेंस से प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र जुलवानिया ले जाया गया।
प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र में इलाज के दौरान एक और युवक ने दम तोड़ दिया। तीन गंभीर घायलों को प्राथमिक उपचार के बाद जिला चिकित्सालय बड़वानी रेफर कर दिया गया, जहां उनका इलाज जारी है।
हादसे में इनकी हुई मौत
हादसे में जान गंवाने वालों की पहचान सचिन गोकूल वास्कले 25 वर्ष निवासी पटेलपुरा साकड़), प्रदुम्य पुत्र गुलीचंद सहते 25 वर्ष निवासी सालखेड़ा, पप्पू पुत्र हिरालाल 29 वर्ष निवासी लिम्बई और आकाश पुत्र दयाराम 25 वर्ष निवासी रालामंडल, यशवंत सुपड़िया निवासी जलगोन के रूप में हुई है। घायलों में सुरेश मांगीलाल निवासी देवझिरी, सोहन झाबर निवासी सालखेड़ा शामिल हैं।
थाना प्रभारी जुलवानिया राम कुमार पाटिल ने बताया कि हादसे के बाद टैंकर चालक वाहन छोड़कर मौके से फरार हो गया। पुलिस ने टैंकर जब्त कर लिया है और फरार चालक की तलाश शुरू कर दी है।
मृतकों के शवों को पोस्टमार्टम के लिए भेजकर मर्ग कायम किया गया है। इस हादसे की खबर मिलते ही राजपुर में चल रहे शादी समारोह में शोक छा गया।
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पाकिस्तानी गैंगस्टर के गुर्गे अरेस्ट: NCR में ग्रेनेड से हमला और टारगेट किलिंग की थी तैयारी, मध्य प्रदेश के रहने वाले है दोनों आरोपी
ग्वालियर। दिल्ली पुलिस की स्पेशल सेल ने मध्य प्रदेश के ग्वालियर के रहने वाले दो युवकों को गिरफ्तार किया गया है। बताया जा रहा है कि ये युवक पाकिस्तान के इशारों पर काम करने वाले गैंगस्टर और आईएसआई से संबंधित शहजाद भट्टी के निर्देश पर काम करते थे। ग्रेनेड से हमला और टारगेट किलिंग की तैयारी थी। फिलहाल दोनों को 5 दिन की पुलिस कस्टडी में भेज गया है। मामले की जांच की जा रही है।
पुलिस टीम ने एनसीआर क्षेत्र में फायरिंग, ग्रेनेड हमले और टारगेट किलिंग करने की साजिश रचने वाले भट्टी गैंग के दो बदमाशों को गिरफ्तार किया है। पुलिस के अनुसार, राजवीर (21) मध्य प्रदेश के ग्वालियर जिले के डबरा क्षेत्र का रहने वाला है। वहीं विवेक बंजारा (19) ग्वालियर का ही रहने वाला है। राजवीर को 18 अप्रैल को दिल्ली के सराय काले खां इलाके से गिरफ्तार किया गया था। जबकि विवेक बंजारा को 16 अप्रैल को ग्वालियर के डबरा से दबोचने में कामयाबी मिली थी।
इस बीच पुलिस को राजवीर के कब्जे से एक पिस्तौल और छह जिंदा कारतूस बरामद हुए। उसके पास से दो मोबाइल फोन भी जब्त किए गए, जिनमें आपत्तिजनक वीडियो और वॉइस नोट्स मिले हैं। स्पेशल सेल को खुफिया जानकारी मिली थी कि शाहजाद भट्टी और उसके भारत स्थित साथी दिल्ली-एनसीआर में टारगेट किलिंग और हमलों की साजिश रच रहे हैं।
इस मामले में 31 मार्च को मुकदमा दर्ज किया गया था। पूछताछ में पता चला कि दोनों आरोपियों को सोशल मीडिया के जरिए ‘राना भाई’ नाम के व्यक्ति ने भर्ती किया था। मार्च में भट्टी ने राजवीर को हथियार लाने के लिए अहमदाबाद भेजा था। इसके बाद 9 अप्रैल को दोनों अमृतसर गए और वहां से एक पिस्तौल, 15-20 कारतूस तथा 20 हजार रुपये लेकर आए थे।

ग्वालियर मध्यप्रदेश के ग्वालियर में बेखौफ बदमाशों का आतंक बढ़ता जा रहा है। शहर के एक प्रॉपर्टी कारोबारी और कंस्ट्रक्शन कंपनी के संचालक ने पुलिस में शिकायत दर्ज कराते हुए बताया कि गुंडों ने उसे बंधक बनाकर उसके साथ मारपीट की और लाखों रूपये के तीन चेक साइन करवाने के साथ ही उसके साथ ओरल सेक्स किया। इतना ही नहीं आरोपियों ने उसका इस दौरान वीडियो भी बनाया। कारोबारी का ये भी आरोप है कि गुंडों ने अपने दुश्मन को गालियां दिलवाकर उसके ही मोबाइल से वीडियो बनाया और दुश्मनों को भेजा है।
घटना 15 अप्रैल की बताई गई है, तब ग्वालियर शहर के गोला का मंदिर इलाके में रहने वाले 48 वर्षीय प्रॉपर्टी कारोबारी के साथ घटना हुई है। पीड़ित कारोबारी के मुताबिक सोनू से उसका कुछ लेन-देन चल रहा था इसी बात को ओमकार ने फोन कर कहा बातचीत करनी है आ जाओ। क्योंकि वो ओमकार को पहले से जानता है इसलिए मिलने के लिए ओमकार के पीतांबरा धर्मकांटा पहुंच गया। वहां से ओमकार और गौरी यादव उसे कार से अपने ऑफिस ले गए।
पीड़ित कारोबारी के मुताबिक ऑफिस में ओमकार के कुछ और साथी पहले से मौजूद थे। वहां पहुंचते ही उसके साथ गाली गलौच की गई और मार डालने की धमकी दी गई। आरोपियों ने उससे शराब के लिए पैसे मांगे और बेटे से जबरदस्ती 1500 रुपये ले लिए। कारोबारी का आरोप है कि ओमकार ने इसी दौरान पिस्टल अड़ाकर उसके साथ ओरल सेक्स किया और गौरी यादव ने मोबाइल से वीडियो बनाया। आरोपियों ने उसे डरा धमकाकर उससे 10-10 लाख रुपये के तीन चेक भी साइन करवा लिए। आरोपियों ने उससे डराकर ये वीडियो भी बनवाया कि उसने चेक अपनी मर्जी से दिए हैं।
पीड़ित कारोबारी का आरोप है कि आरोपी ओमकार व उसके साथियों ने इस दौरान पिस्टल की नोंक पर डरा धमकाकर उससे दुश्मन सोनू को गालियां दिलवाईं और उसके ही मोबाइल से वीडियो बनाकर सोनू राठौर को भेज दिए। आरोपियों ने सोनू राठौर को मौके पर बुलाने का दबाव भी बनाया। करीब तीन घंटे तक पीड़ित आरोपियों के पास बंधक रहा और छूटने पर रात नौ बजे के करीब थाने पहुंचकर शिकायत दर्ज कराई। पुलिस ने पीड़ित कारोबारी की शिकायत पर मामला दर्ज कर जांच में ले लिया है। सभी आरोपी अभी फरार हैं जिनकी पुलिस तलाश कर रही है।
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इंदौर में डॉक्टरों की ‘पाकिस्तानी डिग्रियों’ का खेल? जनसुनवाई में 32 डॉक्टरों पर फर्जीवाड़े के आरोप, जांच के आदेश
इंदौर। शहर में स्वास्थ्य सेवाओं को लेकर बड़ा सवाल खड़ा हो गया है। जनसुनवाई में अधिवक्ता चर्चित शास्त्री ने शिकायत दर्ज कराते हुए दावा किया कि इंदौर में 32 से अधिक डॉक्टर कथित तौर पर पाकिस्तानी डिग्रियों और संदिग्ध दस्तावेजों के आधार पर प्रैक्टिस कर रहे हैं। शिकायत में आरोप लगाया गया कि ये डॉक्टर शहर के अलग-अलग क्लीनिक और अस्पतालों में मरीजों का इलाज कर रहे हैं, जबकि उनकी शैक्षणिक योग्यता पर गंभीर सवाल हैं।
शिकायतकर्ता ने यह भी कहा कि पहले भी कुछ मामलों में गलत इलाज के कारण मरीजों की मौत तक हो चुकी है, जिनमें बाद में एफआईआर दर्ज हुई और डिग्रियों को फर्जी बताया गया। मामले को लेकर 3 फरवरी 2026 को मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी Madhav Hasani को सूचना के अधिकार के तहत आवेदन दिया गया था, लेकिन कोई जवाब नहीं मिला। इसके बाद 9 मार्च को क्षेत्रीय स्वास्थ्य संचालक Shaji Joseph के पास अपील की गई।
बताया गया कि क्षेत्रीय संचालक ने 24 मार्च को मामले की गंभीरता को देखते हुए सीएमएचओ को 7 दिन में दस्तावेज प्रस्तुत करने के निर्देश दिए थे, लेकिन आरोप है कि इसके बावजूद कोई जानकारी उपलब्ध नहीं कराई गई।शिकायतकर्ता ने यह भी आरोप लगाया कि शहर में फर्जी डॉक्टरों और अस्पतालों को संरक्षण मिल रहा है, जिससे आम लोगों की जान जोखिम में पड़ रही है। इस पर जिलाधीश ने तुरंत संज्ञान लेते हुए एडीएम नवजीवन पंवार को जांच कर रिपोर्ट तैयार करने के निर्देश दिए हैं। शिकायत में जिन डॉक्टरों के नाम शामिल किए गए हैं, वे शहर के विभिन्न हिस्सों में प्रैक्टिस करते बताए जा रहे हैं। हालांकि, इन सभी आरोपों की पुष्टि जांच पूरी होने के बाद ही हो सकेगी।
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तालिबानी सजा... किशोरी से मिलने पहुंचे युवक का सिर मुंडाया, कालिख पोत गांव में घुमाया
विदिशा। लटेरी तहसील क्षेत्र के ग्राम मोहनपुर खुर्द में एक किशोरी से मिलने पहुंचे युवक को पकड़ लिया गया। किशोरी के स्वजन ने हाथ-पैर बांधकर जूतों और लाठियों से युवक की बेरहमी से पिटाई की। उसका सिर मुंडाकर चेहरे पर कालिख पोत दी। गले में जूतों की माला पहनाकर गांव में घुमाया। सोमवार दोपहर की इस घटना का तमाशबीन बने लोग मोबाइल से वीडियो बनाते रहे। पुलिस युवक को छुड़ाकर थाने लाई।
एडिशनल एसपी प्रशांत चौबे के अनुसार, किशोरी के नाबालिग होने के कारण स्वजन की शिकायत पर युवक के विरुद्ध पाक्सो एक्ट और छेड़छाड़ सहित अन्य धाराओं में मामला दर्ज किया गया है। वहीं, युवक के साथ मारपीट और अभद्रता पर चार लोगों के खिलाफ एफआइआर दर्ज की गई है। पुलिस मामले की गंभीरता को देखते हुए वीडियो फुटेज के आधार पर अन्य आरोपियों की पहचान करने में जुटी है।

प्रमुख समाचार

एनआईए की स्पेशल कोर्ट (NIA Special Court) ने 2023 के बेंगलुरु जेल में कट्टरपंथी बनाने की साजिश के मामले में बड़ा फैसला सुनाया है। NIA की स्पेशल कोर्ट ने बेंगलुरु जेल में कट्टरपंथी बनाने की साजिश में टी नसीर समेत लश्कर-ए-तैयबा (Lashkar-e-Taiba) से जुड़े 7 आतंकियों को 7 साल की कैद की सजा सुनाई है। साथ ही 48 हजार रुपये जुर्माना भी लगाया है। मामले में टी नसीर के अलावा सैयद सुहैल खान, मोहम्मद उमर, जाहिद तबरेज़, सैयद मुदस्सिर पाशा, मोहम्मद फैसल...

मध्य प्रदेश

ग्वालियर। ग्वालियर के शिवानी नगर में एक शादी समारोह उस वक्त अखाड़े में बदल गया, जब हवन की लकड़ी तोड़ने की छोटी सी बात पर दूल्हा और दुल्हन पक्ष आपस में भिड़ गए। मंडप में जमकर जूतम-पैजार हुई और शादी की खुशियां हंगामे में बदल गईं। सूचना पर पहुंची पुलिस ने मारपीट कर रहे वर-वधू पक्ष के 4 लोगों को हिरासत में लिया है। वहीं पुलिस ने दोनों पक्षों पर मारपीट और शांति भंग करने की धाराओं में मामला दर्ज आगे की कार्रवाई शुरू कर दी है।दअरसल, ग्वालियर के पुरानी छावनी थाना क्षेत्र...

अपराध

इंदौर के हीरानगर में हुए सुरेंद्र साहू हत्याकांड के फरार आरोपियों पर आखिरकार पुलिस ने शिकंजा कस दिया। वारदात के बाद फरारी काट रहे दोनों आरोपी कानून से बचने के लिए सैकड़ों किलोमीटर दूर भागे, लेकिन उनकी चालाकी एक सतर्क पड़ोसी के सामने टिक नहीं सकी। सूचना मिलते ही पुलिस ने घेराबंदी कर दोनों को धर दबोचा।पुलिस के मुताबिक आरोपी आशीष राजपूत और आकाश वारदात के बाद सागर जिले के ग्राम बिनाका में अपने मामा के घर जाकर छिपे हुए थे। खुद को सुरक्षित समझ रहे इन...
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गुना। (गरिमा टीवी न्यूज़) गुना जिले के चांचौड़ा थाना पुलिस द्वारा एक बड़ी कामयाबी हासिल करते हुए महिलाओं को अपने जाल में फंसाकर ठगी की घटनाओं को अंजाम देने वाले एक शातिर बदमाश को गिरफ्तार करने में महत्वपूर्ण सफलता प्राप्त की गई है । मिली जानकारी के अनुसार दिनांक 14 अप्रैल 2026 को एक महिला द्वारा चाचौड़ा थाने में रिपोर्ट दर्ज कराई गई कि आज दोपहर के समय एक अज्ञात व्यक्ति स्कूटी पर उनके घर आया । उस समय वह घर पर अकेली थी । उस व्यक्ति ने स्वयं को...

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गरिमा के जन्म के 15 मिनिट बाद का फोटो
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बीमार होने के बाद भोपाल अस्पताल मे भर्ती गरिमा
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हाई कोर्ट के आदेश के बाद गरिमा के शव को जमीन से निकालते हुऐ
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निकालने के बाद गरिमा के शव को पैक कर जॉच के लिऐ भेजा गया
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दोषी डॉक्टर के खिलाफ मामला कायम कराने के लिऐ पुलिस अधिक्षक से मिले पत्रकार
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गरिमा के शव की जॉच होने के बाद पुनः उसी स्थान पर चबूतरा का निर्माण किया गया
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पूजा स्थल मे गरिमा
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