असम की राजधानी गुवाहाटी से हत्या का सनसनीखेज मामला सामने आया है। गुवाहाटी के हाटीगांव इलाके में पहले तो पति ने पत्नी की बेरहमी से हत्या की। इससे भी मन नहीं भरा को पत्नी का सिर काटकर फ्रिज में रखे रखा। महिला की उंगलियां भी काटे जाने की बात सामने आई है। असम पुलिस ने आरोपी पति को गिरफ्तार कर लिया है।
फिलहाल हत्या की सटीक वजह स्पष्ट नहीं हो सकी है। असम पुलिस पति की भूमिका समेत मामले से जुड़े सभी पहलुओं की जांच कर रही है और यह पता लगाने की कोशिश कर रही है कि वारदात के पीछे आखिर क्या वजह थी।
पूरा मामला गुवाहाटी के हाटीगांव इलाके के बसिष्ठपुर बाइलेन का है। मृतका की पहचान नूनमती की रहने वाली रिया तालुकदार के रूप में हुई है। रामानुजन गोस्वामी ने पहले तो पत्नी की बेरहमी से हत्या की। उसके बाद सभी सीमा का लांघते हुए पत्नी का सिर काटकर काले पॉलीथीन में फ्रिज में छिपा दिया था। पुलिस का शुरुआती अनुमान है कि हत्या शव बरामद होने से करीब 24 से 48 घंटे पहले की गई है। फिलहाल हत्या की सटीक वजह स्पष्ट नहीं हो सकी है। महिला के शव को पोस्टमार्टम के लिए गुवाहाटी मेडिकल कॉलेज एंड हॉस्पिटल (GMCH) भेज दिया गया है। पुलिस संदिग्ध पति की तलाश और घटना की कड़ियों को जोड़ने में जुटी है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट और जांच के बाद हत्या को लेकर और भी अहम खुलासे होने की उम्मीद है।
पुलिस के मुताबिक मृतिका रिया फैंसी बाजार के एसी मार्केट इलाके में स्थित एक बुटीक में काम करती थी। उसके माता-पिता नहीं थे। परिवार में उसका केवल एक भाई है। शुरुआती जांच में सामने आया है कि सोमवार को रिया और उसके पति के बीच किसी बात को लेकर तीखी बहस हुई थी। इसके बाद रामानुजन रात करीब 8 बजे घर से निकल गया था।
मामला तब सामने आया जब पड़ोसियों को घर से तेज दुर्गंध आने लगी। शक होने पर उन्होंने पुलिस को सूचना दी। मौके पर पहुंची पुलिस ने घर की तलाशी ली तो महिला की हत्या की भयावह जानकारी सामने आई। पुलिस के अनुसार महिला की हत्या बेहद क्रूर तरीके से की गई थी। हत्या के बाद उसका सिर धड़ से अलग कर दिया गया और उसे काले पॉलीथीन बैग में रखकर फ्रिज के अंदर छिपा दिया गया। महिला की उंगलियां भी काटे जाने की बात सामने आई है।
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गैस सिलेंडर बुकिंग को लेकर बड़ी राहत, अब 45 नहीं सिर्फ इतने दिन में कर सकेंगे दोबारा बुकिंग
नई दिल्ली। उपभोक्ताओं के लिए एक राहत भरी खबर सामने आ रही है कि केंद्र सरकार ने गैस सिलेंडर की उपलब्धता और बुकिंग को लेकर बड़ा बदलाव किया है। अब उपभोक्ताओं को एक सिलेंडर बुक करने के बाद दूसरा सिलेंडर बुक करने के लिए 45 दिनों का इंतजार नहीं करना पड़ेगा। सरकार ने यह अवधि घटाकर 25 दिन कर दी है। नई व्यवस्था 7 सितंबर 2026 से लागू कर दी गई है।
केंद्रीय पेट्रोलियम, प्राकृतिक गैस एवं पर्यटन मंत्री सुरेश गोपी ने सोमवार को सोशल मीडिया पोस्ट के जरिए इस बदलाव की जानकारी दी। उन्होंने बताया कि केंद्र सरकार ने ऑयल मार्केटिंग कंपनियों (OMCs) को बुकिंग से जुड़े नए नियम को तत्काल प्रभाव से लागू करने के निर्देश दिए हैं।
दरअसल, बीते दिनों देश में गैस की उपलब्धता को लेकर दबाव की स्थिति बनी थी। मध्य-पूर्व में चल रहे संघर्ष और होर्मुज क्षेत्र से जुड़े घटनाक्रम के बीच तेल के साथ गैस कंपनियों पर दबाव बढ़ गया था। इसके चलते LPG रिफिल की दोबारा बुकिंग के लिए अंतर बढ़ाया गया था। भौगोलिकसंदर्भ
सरकार की ओर से शहरी क्षेत्रों में रिफिल बुकिंग का अंतर 25 दिन, जबकि ग्रामीण क्षेत्रों में 45 दिन रखा गया था। इस व्यवस्था के कारण विशेष तौर से अधिक LPG खपत वाले परिवारों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा था।
अब केंद्र सरकार ने नियमों में बदलाव करते हुए ग्रामीण और शहरी दोनों क्षेत्रों में LPG सिलेंडर की अगली बुकिंग के लिए 25 दिन का अंतर तय किया है। यानी एक सिलेंडर बुक करने के 25 दिन बाद उपभोक्ता दोबारा गैस सिलेंडर बुक कर सकेंगे।+
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पुणे में Gen-Z प्रोटेस्टः MPSC भर्ती परीक्षा गड़बड़ी को लेकर हजारों जेन-जी छात्र सड़कों पर उतरे, जंतर-मंतर जैसा नजारा
दिल्ली-रांची के बाद अब पुणे में जेन-जी प्रोटेस्ट शुरू हो गया है। महाराष्ट्र लोकसेवा आयोग यानी एमपीएससी (MPSC) भर्ती परीक्षा गड़बड़ी को लेकर हजारों जेन-जी छात्र सड़कों पर उतर गए हैं। महाराष्ट्र में सरकारी भर्ती परीक्षाओं में बढ़ रही धांधली के विरोध में प्रदर्शन कर रहे हैं। प्रदर्शन में बड़ी संख्या में प्रतियोगी छात्रों के शामिल हैं। छात्र न केवल परीक्षा सही से करवाने की मांग कर रहे हैं बल्कि चेयरमैन के इस्तीफे की भी डिमांड कर रहे हैं। इससे पुणे की सड़कों पर इस वक्त जंतर-मंतर जैसा नजारा दिख रहा है।
प्रदर्शनकारी अभ्यर्थियों का मुख्य आरोप है कि सरकारी भर्ती परीक्षाओं की प्रक्रिया में कथित अनियमितताओं और घोटालों ने अभ्यर्थियों के बीच असंतोष पैदा किया है। उन्होंने आगे कहा कि प्रतियोगी परीक्षाएं युवाओं के लिए सरकारी नौकरी हासिल करने का महत्वपूर्ण माध्यम हैं। बेस्टस्टाफ चुनें
अभ्यर्थी MPSC से भर्ती प्रक्रिया को ज्यादा पारदर्शी बनाने की मांग कर रहे हैं। उनका कहना है कि परीक्षा से जुड़े फैसले, रिजल्ट और भर्ती प्रक्रिया के अलग-अलग चरणों को लेकर उम्मीदवारों को स्पष्ट और विश्वसनीय जानकारी मिलनी चाहिए। इसके साथ ही कथित अनियमितताओं की जांच कर जिम्मेदारी तय करने की मांग भी की जा रही है। प्रदर्शन के दौरान अभ्यर्थी MPSC की जवाबदेही को लेकर भी आवाज उठाएंगे। आंदोलनकारियों की ओर से आयोग के अध्यक्ष के इस्तीफे की मांग किए जाने की बात कह रहे हैं। प्रदर्शनकारियों का कहना है कि अगर भर्ती प्रक्रिया को लेकर लगातार सवाल उठ रहे हैं तो आयोग को अभ्यर्थियों की चिंताओं का जवाब देना चाहिए।
प्रदर्शन में महाराष्ट्र के अलग-अलग हिस्सों से प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी कर रहे छात्रों के शामिल होने की संभावना है। अभ्यर्थी पुणे की सड़कों पर मार्च निकालकर अपनी मांगों को सरकार और आयोग तक पहुंचाने की कोशिश करेंगे। छात्रों का कहना है कि सरकारी नौकरी की तैयारी करने वाले युवा सालों तक दिन-रात मेहनत करते हैं और परीक्षआ की तैयरी करते हैं और छात्रों को क्या मिलता है पेपर लीक, घोटाला, पेपर में गड़बड़ी।
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